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साहित्यकारों की वेबपत्रिका
Sahityasudha
वर्ष: 4, अंक 72, नवंबर(प्रथम), 2019

भारत माता की आज जय बोल

रौली मिश्रा

भारत माता की आज जय बोल जिस दिन का होता सबको इंतजार जिसके लिए हम करते प्रति वर्ष इंतजार, आ गया लो हमारा त्योहार, आओ मचाए शोरगुल, भारत मां की आज जय बोल।। वीरों को सलामी दे, उनको नयी रस्में कसमें दे, भारत मां के झण्डे को मन में समाये अपने तिरंगे को आसमान तक लहरायें, आओ उनके स्वागत में बजायें ढोल, भारत माता की आज जय बोल।। हर जन्म में भारत माता के पुत्र पुत्री बनें, हर जन्म में मां के तिरंगे को ऊंचा करें, भारत माता की धरती को रंग दे, मां के सपने को पूरा कर दें, अपने मन की बातें बताऊं बोल-बोल, भारत माता की आज जय बोल।। देश में अमन शांति रहे, देश में सब भारतवासी एक रहें, धरती पर चमन बरसे, कोई भूखा प्यासा न तरसे यहीं हैं मेरी भारत माता के बोल, भारत मां की आज जय बोल।।।2


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