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साहित्यकारों की वेबपत्रिका
Sahityasudha
वर्ष: 4, अंक 81, मार्च(द्वितीय), 2020

विश्व मैत्री मंच के आठवें लघुकथा सम्मेलन में रायपुर में जुटे दिग्गज साहित्यकार

16 फरवरी 2020 होटल उदय दीप फाफाडीह रायपुर में जुटे लघुकथा के दिग्गज श्री बलराम अग्रवाल जी ,श्री सुभाष नीरव जी ,श्री गिरीश पंकज जी ,डॉ राजेश श्रीवास्तव ,डॉ सुधीर शर्मा ,डॉ मालती बसन्त,जया केतकी ,साकेत सुमन चतुर्वेदी, मधु सक्सेना ,डॉ ज्योति गजभिए ,डॉ सुषमा सिंह

कार्यक्रम के आरंभ में अपने स्वागत भाषण में संस्था की अध्यक्ष संतोष श्रीवास्तव ने लघुकथा में नारी अस्मिता को लेकर अपनी बात रखी कि आज लघुकथा मांग करती है एक ऐसी शक्ति स्वरूपा नारी की जो अपनी अस्मिता और अस्तित्व की रक्षा करती हुई शोषण की शक्तियों से मुठभेड़ करती नजर आए।

अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में दिल्ली से आए वरिष्ठ लघुकथाकार बलराम अग्रवाल जी ने कहा कि हम वृद्ध आश्रम की बात करके युवा पीढ़ी को क्या बताना चाहते हैं ।क्या हमारे घर से कोई वृद्ध आश्रम गया है ।जब हम अपने अनुभवों को कल्पना के आधार पर ही लिखेंगे तो वह बात गहराई से लोगों तक नहीं पहुंचेगी ।उन्होंने कई लघुकथाओं के उदाहरण देते हुए नारी अस्मिता को लेकर लघुकथाएं लिखना मौजूदा समय की मांग बताया।

विशिष्ट अतिथि गिरीश पंकज ने अपने वक्तव्य में कहा कि लघुकथा एक ऐसा लाइट हाउस है जो पूरे साहित्य को दिशा प्रदान करता है

मुख्य अतिथि सुभाष नीरव जी ने अपने वक्तव्य में लघुकथाओं में नारी अस्मिता को लेकर विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला

संस्था की ओर से विभिन्न विधाओं पर पांच पुरस्कार प्रदान किए गए........

राधा अवधेश स्मृति पुरस्कार लक्ष्मी यादव को

पुष्पा विश्वनाथ स्मृति पुरस्कार अजय श्रीवास्तव अजेय को

हेमंत स्मृति लघुकथा रत्न सम्मान कांता राय को

पांखुरी लांबा सक्सेना स्मृति पुरस्कार साधना वैद को

द्वारका प्रसाद स्मृति साहित्य गरिमा पुरस्कार अलका अग्रवाल को।

विभिन्न विधाओं की 6 किताबों का लोकार्पण हुआ ।

अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपने अभिनय के लिए जानी जाने वाली ममता अहार द्वारा शक्ति स्वरूपा नाटक का एकल मंचन

तथा 75 कवियों और लघुकथाकारों के द्वारा कविता,लघुकथा की प्रस्तुति।

पूरा कार्यक्रम तीन सत्रों में संपन्न हुआ। जिस का संचालन क्रमशः नीता श्रीवास्तव रूपेंद्र राज तिवारी और वर्षा रावल ने अपने रोचक अंदाज में किया। द्वितीय स्तर में चर्चा विमर्श हुआ समकालीन लघुकथा में नारी अस्मिता।

रायपुर,आगरा ,झांसी, भोपाल ,इलाहाबाद ,नागपुर,मुंबई और दिल्ली से प्रतिभागियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज की।


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