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वर्ष: 3, अंक 50, दिसम्बर(प्रथम) , 2018



मंगल ग्रह की सैर


डॉ. प्रमोद सोनवानी पुष्प


   
रोबो जी मंगल ग्रह में ,
बड़े शान से घूम रहे थे ।
देख वहाँ की सुन्दरता को ,
मन ही मन में झूम रहे थे ।।

मंगल ग्रह के राजा से फिर ,
रोबो जी ने हाथ मिलाया ।
तरह - तरह के यंत्र देखकर ,
वह तो फूला नहीं समाया ।।

जाते - जाते बोल रहा वह ,
मौका पाते फिर आऊँगा ।
मंगल ग्रह के संदेशों को ,
जन-जन तक मैं पहुंचाऊंगा ।।
 

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