मुखपृष्ठ
साहित्यकारों की वेबपत्रिका
Sahityasudha
वर्ष: 4, अंक 90,अगस्त(प्रथम), 2020

हाईकु

अरुण कुमार प्रसाद

(1) सामाजिक न्याय। असामाजिक तत्वों से। कैसा भरोसा। (2) तुलसीदास। सांस्कृतिक विज्ञान। रामचरित्र। (3) स्तब्ध संस्कृति खटखटा रहा है सभ्यता का द्वार। (4) प्रजातंत्र था। आदमी ने बनाया ‘स्ट्राईक’तंत्र। (5) टी0वी0 के पर्दे। कार्तिक महीने में भागते कुत्ते। (6) पदों के मध्य है कवि का श्रृंगार हर्ष‚विषाद।

कृपया रचनाकार को मेल भेज कर अपने विचारों से अवगत करायें