Sahityasudha view
साहित्यकारों की वेबपत्रिका
मुखपृष्ठ


साहित्यकारों की रचना स्थली

वर्ष: 1, अंक 7, जनवरी, 2017



अगली पंक्ति में बैठने के क्रम में

अमरेन्द्र सुमन


लड़के हाथ तुड़वा बैठते फेंक दी जाती बेंच पर रखी किताबें भुगतनी पड़ती सबसे पीछे खड़ा रहने की तिलमिलाती सजा अगली पंक्ति में बैठने के क्रम में गाँव की पाठषाला हो या फिर कॉलेज तक की पढ़ाई अगली पंक्ति में बैठने का मजा उन दिनों कुछ और ही होता फायदे की वनिस्वत अगली पंक्ति में बैठने वालों को यूँ तो घाटे ही हुआ करते मसलन टास्क न पूरा करने वाले छात्रों की पहचान पर उनकी शिकायत के पीछे बाहर में देख लेने की कमजोर धमकी रामानन्द सर की घंटी में खाँसने के एवज में ढाई मतर्बा ब्लेकबोर्ड पर नाक रगड़ने अथवा पौने तीन मतर्बा सांस लेने की मुकर्रर सजा लड़कियों को पटाने या उनके समक्ष स्मार्ट के मामले में अगली पंक्ति फिर भी महत्वपूर्ण होता साइंस व मेथ में सामान्य से थोड़ी उॅची अव्वलता वाले छात्र जहाँ झिटक लेते पदकों की माफिक उनकी मुस्कुराहटें और कॉपियों की अदला-बदली के क्रम में करते आषुलिपिय वार्ताऐं वहीं लडकियाँ अपनी देह की गंध में करतीं उनकी उपस्थिति का भनपूर एहसास अब वे सभी बातें शामिल नहीं अगली पंक्ति में बैठने के क्रम में
www.000webhost.com

कृपया अपनी प्रतिक्रिया sahityasudha2016@gmail.com पर भेजें